एटीएम का इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए एक अच्छी खबर
3:03 pm
बैंकिंग लेनदेन के लिए एटीएम का इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए एक अच्छी खबर है तो एक बुरी.
अच्छी खबर यह है कि बैंकों को ग्राहकों के खाते से गलती से निकाली गई राशि शिकायत दर्ज होने के 7 दिन के भीतर खाते में डालनी होगी. वहीं दूसरी ओर, बुरी खबर यह है कि दूसरे बैंकों के एटीएम का इस्तेमाल खाते में बकाया राशि की जानकारी जैसे गैर वित्तीय कार्यों के लिए करने वाले लोगों को अब इसके सीमित अवसर ही उपलब्ध होंगे. ग्राहक अब दूसरे बैंकों के एटीएम से महीने में केवल पांच बार ही धन की निकासी अथवा बकाए की जानकारी ले सकेंगे.
अभी तक ग्राहक दूसरे बैंकों के एटीएम से बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के पांच बार धन निकाल सकते थे, जबकि बैलेंस की जानकारी, पिन बदलने और मिनी स्टेटमेंट की सुविधा का बिना शुल्क दिए जब चाहे इस्तेमाल कर सकते थे. रिजर्व बैंक के एक निर्देश के मुताबिक, बैंक अन्य बैंकों के ग्राहकों को नकदी लेनदेने के साथ ही अन्य गैर-वित्तीय सुविधाएं अब सीमित संख्या में देंगे. आमतौर पर एक बैंक अन्य बैंकों के ग्राहकों को अपने एटीएम से बिना किसी शुल्क के पांच बार वित्तीय लेनदेन की सुविधा देता है. अब इसमें खाते में बकाए की जानकारी को भी शामिल कर लिया गया है.
एक जुलाई से लागू होने जा रही नई व्यवस्था के तहत अन्य बैंकों के एटीएम से नि:शुल्क लेनदेन की सुविधा केवल बचत खाता धारकों के लिए उपलब्ध होगी. बैंकों ने एक जुलाई से प्रस्तावित बदलावों के बारे में अपने ग्राहकों को सूचित करना शुरू कर दिया है. इस तरह की एक अधिसूचना में एचडीएफसी बैंक ने कहा कि वह पांच बार से अधिक नकदी निकासी में प्रत्येक लेनदेन पर 20 रुपइ शुल्क लेगा. इसके अलावा, वह पांच बार नि:शुल्क लेनदेन की सुविधा के बाद प्रत्येक गैर वित्तीय लेनदेन के लिए 8.50 रुपए शुल्क वसूलेगा.
रिजर्व बैंक के दिशानिर्देशों के मुताबिक, गलती से खाते से काटी गई राशि के मामले में बैंकों को 7 कार्य दिवसों के बाद प्रतिदिन 100 रुपए के हिसाब से ग्राहक को भुगतान करना होगा. लेकिन यह नियम तभी लागू होगा जब लेनदेन की तिथि से 30 दिनों के भीतर शिकायत दर्ज करा दी गई हो. बैंक खातों के किसी फर्जी इस्तेमाल पर रोक लगाने के उपाय के तहत बैंकों को ग्राहक के खाते से रकम निकलने या जमा होने पर एक जुलाई से ग्राहकों को एसएमएस और ई-मेल एलर्ट भेजने को भी कहा गया है.

