खुशी है कि नेताओं ने संसद की सर्वोच्चता को नहीं नकारा : शरद पवार
ताजा खबरें, राजनीति, राष्ट्रीय 1:11 pm
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष व केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार ने इस बात पर खुशी जताई कि जंतर-मंतर पर अन्ना हजारे के अनशन के दौरान लोकपाल पर चर्चा करते हुए विभिन्न दलों के नेताओं ने संसद की सर्वोच्चता को नकारा नहीं.
अन्ना टीम ने बुलाया नहीं तो आता कैसेः पवार
हालांकि सोमवार को जंतर-मंतर पर न्यौते को लेकर अन्ना हजारे और शरद पवार आमने-सामने आ गए हैं.
एनसीपी ने टीम अन्ना को खुली चुनौती दी है कि वह निमंत्रण भेजने की बात साबित करे.
पार्टी प्रवक्ता डीपी त्रिपाठी ने साफ कहा कि अन्ना की तरफ से कोई न्यौता नहीं आया.
उन्होंने कहा है कि अन्ना ये साबित करें कि उन्होंने न्यौता भेजा था.
सोमवार सुबह न्योता नहीं मिलने की बात सबसे पहले पार्टी अध्यक्ष शरद पवार ने कही, जिसके बाद अन्ना हजारे ने पवार के बयान को झूठा करार देते हुए कहा कि एनसीपी को न्योते की चिट्ठी भेजी गई थी.
सारे मतभेदों के बावजूद पवार ने कहा, "अच्छी बात है कि सभी राजनीतिक दलों ने जंतर-मंतर पर संसद के महत्व को बनाए रखने पर जोर दिया.
पवार ने कहा, ‘‘ बहस कहीं भी की जा सकती है. चाहे एक गोष्ठी हो या फिर एक खुला मैदान.
यह अच्छी बात है कि जंतर मंतर पर भी सभी दलों ने ससंद की सर्वोच्चता पर जोर दिया.’’
अपने 71वें जन्म दिन पर आयोजित एक समारोह के बाद उन्होंने पत्रकारों से यह बात कही.
हम संसद को नजरअंदाज नहीं कर सकते."
उन्होंने कहा, "हर जगह चर्चा होती है. कुछ खुले में होती है और कुछ बंद कमरों में. इससे कोई फर्क नहीं पड़ता."
उन्होंने कहा, "उन लोगों (टीम अन्ना) का कहना है कि उन्होंने मेरे कार्यालय में आमंत्रण भेजा था लेकिन मुझे यह मिला नहीं.
खैर, संसद में इस पर चर्चा होगी. हमारी पार्टी का रुख है कि हम एक मजबूत लोकपाल चाहते हैं और प्रधानमंत्री से मुलाकात के दौरान हम अपना पक्ष रखेंगे."
उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने मंगलवार को लोकपाल पर चर्चा के लिए सहयोगी दलों की बैठक बुलाई है.

