जयसूर्या करेंगे अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी
दुनिया 4:48 pm
लंदन। श्रीलंका के धुरंधर हरफनमौला और पूर्व कप्तान सनथ जयसूर्या लगभग डेढ़ वर्ष के अंतराल के बाद अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी करने वाले हैं। श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ 25 जून से शुरू हो रही एकमात्र ट्वेंटी-20 और पांच एकदिवसीय मैचों की श्रृंखला के लिए जयसूर्या को टीम में बुलाया है।
क्रिकेट श्रीलंका की ओर से सीमित ओवरों के मैचों के लिए आज घोषित टीम में मध्यक्रम के बल्लेबाज थिलिन कांदाम्बी और विकेटकीपर बल्लेबाज दिनेश चांडीमल की भी वापसी हुई है जबकि थिलन समरवीरा, चामरा कापूगेदेरा और रंगना हेरात को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में खेलने के लिए टेस्ट क्रिकेट से विवादास्पद संन्यास की घोषणा करने वाले तूफानी गेंदबाज लसित मलिंगा को भी एकदिवसीय टीम में बुलावा मिला है। टीम के नियमित सलामी बल्लेबाज उपुल तरंगा के डोप प्रकरण में फंसने के बाद श्रीलंका की राष्ट्रीय टीम में उन्हें जगह नहीं मिली है।
दूसरी ओर चोट के कारण तीसरे टेस्ट से बाहर हुए कप्तान तिलकरत्ने दिलशान का एकदिवसीय में भी खेलना संदिग्ध लग रहा है। ऐसे में विस्फोटक सलामी बल्लेबाजी के प्रणेता जयसूर्या की वापसी अहम मानी जा रही है। 444 एकदिवसीय अंतर्राष्ट्रीय मैच खेल चुके जयसूर्या आखिरी बार 2009 के दिसम्बर भारत के खिलाफ दिल्ली के फीरोजशाह कोटला मैदान पर एकदिवसीय खेलने उतरे थे। उन्होंने हाल में संपन्न विश्व कप में खेलने की इच्छा जतायी थी, लेकिन चयनकर्ताओं ने उन्हें संभावितों में रखने के बावजूद विश्व कप टीम में नहीं चुना था, लेकिन अब थरंगा के डोप प्रकरण और दिलशान की चोट के कारण उन्हें अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में लौटने का मौका मिल सकता है।
जयसूर्या आगामी 30 जून को 42 वर्ष पूरे करने वाले हैं और अगर उनकी वापसी होती है तो वह मौजूदा समय में सबसे बुजुर्ग क्रिकेटर बन जाएंगे। वर्ष 2007 में टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कहने और 2009 के बाद से लगातार टीम से बाहर रहने के बाद जयसूर्या श्रीलंकाई राजनीति में भी कूद गये थे। जयसूर्या फिलहाल श्रीलंकाई संसद में सत्ताधारी यूनाइटेड पीपुल्स फ्रीडम एलायंस के सांसद हैं।
विश्वकप में नहीं चुने जाने के बाद उन्हें आईपीएल-4 की नीलामी में भी कोई खरीददार नहीं मिला था। वह संभवत: दुनिया के पहले क्रिकेटर होंगे जो सांसद रहते हुये भी क्रिकेट के मैदान पर उतरेंगे। 2010 में श्रीलंका ने अपने केन्द्रीय अनुबंध वाले 20 खिलाड़ियों की सूची से भी जयसूर्या को बाहर कर दिया था। फिर विश्व कप के लिए 30 संभावितों में उन्हें तेज गेंदबाज चामिंडा वास के साथ चुना, लेकिन वह अंतिम 15 में जगह नहीं बना सके।
जयसूर्या ने हाल ही में अपनी वापसी की खबरों के मद्देनजर कहा था, मैं पूरी तरह तैयार हूं। अगर चयनकर्ता मुझे बुलाते हैं तो मैं जाऊंगा। मैंने हमेशा देश की जरूरत को अपनी प्राथमिताओं से ऊपर रखा है। जब भी जरूरत पड़ी मैंने देश के लिए सबकुछ त्याग किया है और अब भी अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ ऐसा करने को तैयार हूं। अब चयनकर्ताओं ने उन्हें खुद को साबित करने का मौका दे दिया है। 33 एकदिवसीय खेल चुके कांदाम्बी भी विश्व कप टीम में जगह नहीं बना सके थे।
उन्हें टीम का उपकप्तान भी बनाया गया है और उनके लिए यह एकदिवसीय टीम अपनी जगह पक्की करने का बेहतरीन मौका है। टीम में जीवन मेंडिस को भी शामिल किया गया है जबकि विश्व कप टीम का हिस्सा रहे समरवीरा, कापूगेदेरा और चामरा सिल्वा को जगह नहीं दी गयी है। बायें हाथ के 23 वर्षीय सलामी बल्लेबाज दिमुथ करुणारत्ने को भी एकदिवसीय टीम में शामिल किया गया है। तेज गेंदबाज सुरंगा लकमल को हेरात पर तरजीह दी गयी है।
विश्व कप के दौरान घायल हुए हरफनमौला एंजेलो मैथ्यूज की 16 सदस्यीय टीम में वापसी हुई है, लेकिन उनका खेलना श्रृंखला शुरू होने के वक्त उनकी फिटनेस पर निर्भर करेगा। 25 जून को एकमात्र ट्वेंटी-20 मैच के बाद 28 जून से पांच एकदिवसीय की श्रृंखला शुरू होगी और फिर टीम स्कॉटलैंड के लिए रवाना हो जाएगी जहां उसे 11 और 13 जुलाई को दो एकदिवसीय मैच खेलने हैं।
टीम इस प्रकार है- तिलकरत्ने दिलशान (कप्तान), थिलिना कांदम्बी, कुमार संगकारा, महेला जयवर्द्धने, डी चंडीमल, अजंता मेंडिस, दिमुथ करुणारत्ने, थिषारा परेरा, लासित मलिंगा, नुवान कुलशेखरा, सुरंगा लकमल, दिलहारा फर्नांडो, सूरज रणदीव, जीवन मेंडिस, एंजलो मैथ्यूज, सनथ जयसूर्या।

