अमेरिकी कंपनियों पर ईरान के साथ मिलकर व्यापार करने पर रोक
ताजा खबरें, दुनिया 10:46 am
‘ईरान डिवेस्टमेंट बिल’ नाम के इस विधेयक को सीनेट में बहुमत नेता डीन स्केलस ने रखा.
यह विधेयक ईरान के ऊर्जा उद्योग को दो करोड़ डॉलर या इससे अधिक का माल, सेवाएं या उधार देने वाली कंपनियों को वहां की सरकार के साथ नये सिरे से सौदे करने पर रोक लगाता है.
स्केलस ने कहा, ‘सीनेट की तुरंत-फुरंत कार्रवाई दर्शाती है कि ईरान जैसी निरंकुश सरकारों की निंदा करने के लिए हमारे साथ रहना कितना महत्वपूर्ण है.
ईरान ऐसा देश है जो आतंकवाद का पोषण करता है,जिन्होंने परमाणु हथियार हासिल करने का प्रयास किया और इस्राइल जैसे अमेरिकी सहयोगी देशों को धमकाया जैसा कि उसने बार-बार किया है.’
ईरान में तेल या प्राकृतिक गैस उत्पादन में लगी कंपनियां या परमाणु ऊर्जा में सीधे तौर पर शामिल किसी भी कंपनी पर यह विधेयक पाबंदी लगाता है.
इस विधेयक के प्रावधान के तहत न्यूयॉर्क का आम सेवा कार्यालय ऐसे लोगों, निगमों तथा अन्य संगठनों की सूची बनाएगा जिन्होंने ईरान के ऊर्जा क्षेत्र में दो करोड़ डॉलर या इससे ज्यादा का निवेश किया है.
इस सूची में शामिल लोगों, संगठनों को सरकारी सौदों की नीलामी में बोली लगाने से बाहर कर दिया जाएगा.
विधानसभा स्पीकर शेल्डन सिल्वर ने एक बयान में कहा कि इस सप्ताहांत में ईरान में दूसरे बड़े यूरेनियम संवर्धन संयंत्र में कामकाज होने की घोषणा इस बात का सबूत है कि ईरान अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद का ज्ञात पोषक है. उन्होंने कहा कि जो कंपनियां ईरान के ऊर्जा क्षेत्र में निवेश कर रहीं हैं वे केवल आतंकवाद के कृत्य को और बढ़ाने में संसाधन ही मुहैया करा रहीं हैं.
बयान के अनुसार विधेयक को कैलीफोर्निया में इसी तरह के कानून की तर्ज पर बनाया गया है.
कार्यकर्ताओं के समूह यूनाइटेड अगेंस्ट न्यूक्लियर ईरान ने विधेयक पारित होने का स्वागत करते हुए कहा कि अमेरिका के अन्य राज्यों को भी इस तरह का विधेयक लाकर ईरान में कंपनियों के व्यापार पर रोक लगानी चाहिए.
