नई दिल्ली : कनिमोझी की जमानत याचिका सुप्रीम कोर्ट में खारिज
राजनीति 6:33 pm
नई दिल्ली,आँखों देखी संवाददाता : 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले के सिलसिले में जेल में बंद आरोपी डीएमके सांसद कनिमोझी को आज सुप्रीम कोर्ट ने भी राहत देने से इनकार कर दिया। कनिमोझी के अलावा सह-आरोपी और कलैगनर टीवी के प्रबंध निदेशक शरद कुमार की जमानत याचिका सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज करते हुए कनिमोझी को फिर से सीबीआई की विशेष अदालत में जाने को कहा है। सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि ज़मानत याचिका खारिज किए जाने का ट्रायल कोर्ट की सुनवाई पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
कनिमोझी ने अपने बेटे की देखभाल को ज़मानत की मांग का आधार बताते हुए सुप्रीम कोर्ट में दस जून को अपील की थी। गौरतलब है कि 21 मई को कनिमोझी दिल्ली में गिरफ्तार की गई थीं।
गौरतलब है कि सीबीआई ने अपने हलफनामे में कनिमोझी और सह-आरोपी शरद कुमार की जमानत याचिका का यह कहते हुए विरोध किया था कि अगर उन्हें जमानत दी गई तो वे सबूतों के साथ छेड़छाड़ और गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं। सीबीआई ने कहा था कि 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले में कनिमोझी और कुमार मुख्य साजिश रचने वाले हैं और कलैगनर टीवी के खाते में ट्रांसफर की गई 200 करोड़ रुपये की राशि इस मामले में दी गई रिश्वत का हिस्सा है न कि कर्ज, जैसा कि इन अभियुक्तों ने कहा है।
कनिमोझी की ज़मानत याचिका खारिज होने के बाद डीएमके के खेमे में हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के हवाले से यह खबर आ रही है कि डीएमके प्रमुख करुणानिधि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से नाखुश हैं। ज़मानत याचिका खारिज होने के बाद डीएमके की एक बैठक चेन्नई में शुरू हो गई है। उधर, सूत्रों के हवाले से यह खबर भी आ रही है कि पार्टी ने कनिमोझी की ज़मानत के लिए दिल्ली में वकीलों से संपर्क भी शुरू कर दिया है।
इस मामले की सुनवाई कर रही सुप्रीम कोर्ट की विशेष बेंच में शामिल जस्टिस जी. एस. सिंघवी और जस्टिस बी. एस. चौहान ने इसके पहले लगभग डेढ़ घंटे तक आरोपी पक्ष और सीबीआई की ओर से पेश दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। गौरतलब है कि इससे पहले सीबीआई की विशेष अदालत और हाई कोर्ट में भी कनिमोझी की ज़मानत याचिका खारिज की जा चुकी है।

