पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने की थी नरेंद्र मोदी की तारीफ !
अन्य राज्य, ताजा खबरें, राजनीति, राष्ट्रीय 11:45 am
यह खुलासा महबूबा के भाषण के अंशों से हुआ जिन्हें कुछ टिप्पणियों की वजह से विवाद खड़ा होने के कारण सार्वजनिक किया गया.
महबूबा ने एक मुस्लिम व्यावसायी से अपनी बातचीत का हवाला देते हुए राष्ट्रीय एकता परिषद (एनआईसी) की बैठक में यह भी कहा था कि ऐसी कार्रवाइयां अल्पसंख्यकों तक पहुंचने के लिए जरूरी हैं जिनकी बाद में सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलेगी.
इस मुस्लिम व्यावसायी ने कारोबार संबंधी एक प्रस्ताव पर मोदी की त्वरित प्रतिक्रि या के बारे में बताया था.
बैठक की बातचीत का ब्यौरा केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर डाला है जिसके अनुसार, पीडीपी नेता ने अल्पसंख्यकों के लिए सरकारी नौकरियों में आरक्षण सहित अन्य अवसर देने की जरूरत पर जोर दिया था.
महबूबा ने कहा था ‘‘मुझे याद है कि एक बार मैं चेन्नई में थी और एक मुस्लिम व्यावसायी से मेरी मुलाकात हुई थी. उसने मुझे कहा था कि वह गुजरात के मुख्यमंत्री को देखने गया था और वह उनसे बहुत प्रभावित हुआ. उस व्यक्ति के अनुसार, उसने कारोबार के सिलसिले में मुख्यमंत्री से बातचीत का समय लिया था और वहां उसे उनके आसपास सभी अधिकारी मिले.’’
पीडीपी नेता के अनुसार, ‘‘व्यावसायी के अनुसार, करीब दस मिनट में उसका काम हो गया.’’ महबूबा ने कहा था ‘‘इसका मतलब है कि लोग, अल्पसंख्यक, मुस्लिम चाहते हैं कि कुछ कदम उठाए जाएं और मुझे लगता है कि हमने इस ओर ध्यान नहीं दिया.’’
बातचीत में महबूबा को यह कहते हुए उद्धृत किया गया है ‘‘मेरा कहने का मतलब है कि अगर सभी राजनीतिक दल अल्पसंख्यकों तक पहुंचें तो उन्हें
उनकी सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलेगी.’’ यह बातचीत सितंबर 2011 में नयी दिल्ली में संपन्न एनआईसी की बैठक की है.
यह दस्तावेज इसलिए तैयार किए गए हैं क्योंकि महबूबा ने पहले इनसे इंकार कर दिया था. उन्होंने गृह मंत्रालय से एनआईसी बैठक की पूरी बातचीत का ब्यौरा जारी करने को कहा था.
पीडीपी नेता की एनआईसी बैठक में की गई कथित टिप्पणियां सबसे पहले तब सामने आईं जब भाजपा नेता सुषमा स्वराज ने कहा कि हमेशा भाजपा
का विरोध करने वाली महबूबा तक ने एनआईसी की बैठक में मोदी की तारीफ की.
सुषमा ने यह बात सितंबर में अहमदाबाद में मोदी के तीन दिवसीय सद्भावना अनशन के समापन के बाद कही थी.
महबूबा ने सुषमा के दावे को बेबुनियाद और झूठा बताया था. उन्होंने कहा था ‘‘मैंने न तो कभी मोदी की तारीफ की और न ही उनके पास किसी व्यावसायी को भेजा था.’’

